शनिवार, 7 अप्रैल 2012

तीन स्थितियां तीन शब्द चित्र



धूप में
भूखा-प्यासा
जलता रहा सूरज
फिर भी
पूरे दिन
चलता रहा सूरज
.
तुम्हारी चुप्पी के
उस कथन को
सुनता रहा मैं.
सुन न पाया
तदुपरांत जो कुछ
कहती रही तुम.
.
कार्यालय के
पिछली गेट से निकल गए
पार्टी प्रवर्तक
मुख्य द्वार पर
ठगे से खड़े रह गए
सम अर्थक

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